CM भूपेंद्र पटेल ने दी श्रद्धांजलि, जानिए 'मिसाइल मैन' डॉ. कलाम के जीवन की 10 प्रेरक और प्रेरणादायक बातें
APJ Abdul Kalam Death Anniversary: गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने सोमवार को पूर्व राष्ट्रपति डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम जी की पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि कलाम जी के उच्च आदर्श, सादगी और प्रगतिशील विचारधारा देशवासियों के लिए हमेशा मार्गदर्शक बने रहेंगे।
भूपेंद्र पटेल ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर अपनी पोस्ट में कहा कि भारत के पूर्व राष्ट्रपति, महान वैज्ञानिक, भारत रत्न डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम जी की पुण्यतिथि पर भावपूर्ण वंदन। विज्ञान क्षेत्र में अद्वितीय योगदान और अथक परिश्रम से उन्होंने देश के विज्ञान और रक्षा क्षेत्र को नई ऊंचाई पर पहुंचाया और "मिसाइल मैन" के रूप में ख्याति प्राप्त की। युवा पीढ़ी के प्रेरणास्रोत ऐसे कलाम जी के उच्च आदर्श, सादगी और प्रगतिशील विचारधारा देशवासियों के लिए हमेशा मार्गदर्शक बने रहेंगे।
ભારતના પૂર્વ રાષ્ટ્રપતિ, મહાન વૈજ્ઞાનિક, ભારત રત્ન ડૉ. એ.પી.જે. અબ્દુલ કલામજીની પુણ્યતિથિએ ભાવપૂર્ણ વંદન.
— Bhupendra Patel (@Bhupendrapbjp) July 27, 2026
વિજ્ઞાન ક્ષેત્રે અદ્વિતીય પ્રદાન અને અથાક પરિશ્રમથી તેમણે દેશના વિજ્ઞાન અને સંરક્ષણ ક્ષેત્રને નવી ઊંચાઈ પર પહોંચાડ્યું અને "મિસાઈલ મેન" તરીકે ખ્યાતિ મેળવી.
યુવા પેઢીના… pic.twitter.com/2fVneoY8F9
डॉ. कलाम के जीवन की 10 खास बातें :
1. भारत के पूर्व राष्ट्रपति, जाने-माने वैज्ञानिक और अभियंता के रूप में विख्यात रहे डॉ. अब्दुल कलाम का जन्म तमिलनाडु के रामेश्वरम् के एक गांव में 15 अक्टूबर 1931 को हुआ था। उनका पूरा नाम 'अबुल पक्कीर जैनुलआबेदीन अब्दुल कलाम' था।
2. उनके पिता ऊंची सोच वाले व्यक्ति थे लेकिन अधिक पढ़े-लिखे तो नहीं थे। वे मछुआरों को बोट किराए पर देकर घर चलाते थे। उनके परिवार में 5 भाई और 5 बहनें थीं। डॉ. कलाम का बचपन आर्थिक तंगी में बीता।
3. डॉ. कलाम का बचपन में ही आत्मनिर्भर बनने की तरफ यह पहला कदम था, जिसमें वे रामेश्वरम के रेलवे स्टेशन और बस अड्डे पर जाकर समाचार पत्र एकत्र करके रामेश्वरम की सड़कों पर दौड़-दौड़कर उसका वितरण करते थे।
4. कलाम ने अपनी आरंभिक शिक्षा रामेश्वरम् में पूरी की तथा सेंट जोसेफ कॉलेज से ग्रेजुएशन की डिग्री करके मद्रास इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से एयरोनॉटिकल इंजीनियरिंग की डिग्री प्राप्त की।
5. अब्दुल कलाम वह व्यक्ति थे जो बनना तो पायलट चाहते थे लेकिन किन्हीं कारणों से पायलट नहीं बन पाए। फिर हार नहीं मानते हुए जीवन ने उनके सामने जो रखा उन्होंने उसे ही स्वीकार कर साकार कर दिखाया। उनका मानना था कि जीवन में कुछ भी यदि आप पाना चाहते हैं तो आपका बुलंद हौसला ही आपके काम आएगा।
6. डॉ. कलाम प्रथम ऐसे प्रथम राष्ट्रपति रहे, जो वैज्ञानिक थे और अविवाहित भी। उन्होंने 2002 में देश के सर्वोच्च पद यानी 11वें राष्ट्रपति पद शपथ ली तथा भारत के हर वैज्ञानिक का सिर फक्र से ऊंचा कर दिया।
7. इतना ही नहीं डॉक्टर अब्दुल कलाम 1981 में पद्म भूषण, 1990 में पद्म विभूषण, 1997 में भारत रत्न से सम्मानित हुए।
8. उनकी पुस्तकें इंडिया 2020, विंग्स ऑफ फायर, इग्नाइटेड माइंड, माय जर्नी आदि काफी प्रेरक हैं। डॉ. कलाम के जीवन को सबसे अधिक प्रभावित करने वाली दो महिलाएं थीं- एक उनकी और दूसरी प्रसिद्ध गायिका एम.एस. सुब्बलक्ष्मी। इनकी सरलता, सादगी, कर्मठता, स्नेह से वे सदा प्रभावित रहे।
9. अबुल पाकिर जैनुलअब्दीन अब्दुल कलाम को विद्यार्थियों के प्रति विशेष प्रेम था, जिसे देखकर संयुक्त राष्ट्र ने उनके जन्मदिन को 'विद्यार्थी दिवस' के रूप में मनाने का निर्णय लिया।
10. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम का आईआईटी गुवाहटी में संबोधन के दौरान 27 जुलाई 2015 को कार्डियक अरेस्ट से निधन हो गया। मिसाइल मैन के नाम से मशहूर रहे पूर्व राष्ट्रपति डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम की नौवीं पुण्यतिथि पर विनम्र श्रद्धांजलि।

