मिल्खा सिंह की पत्नी निर्मल कौर का निधन, कोरोनावायरस से थीं संक्रमित

Last Updated: सोमवार, 14 जून 2021 (00:33 IST)
चंडीगढ़। भारतीय महिला वॉलीबॉल टीम की कप्तान एवं महान धावक की पत्नी निर्मल कौर का मोहाली के एक अस्पताल में कोविड-19 संक्रमण से संबंधित जटिलताओं के कारण निधन हो गया।

वे पिछले महीने इस बीमारी की चपेट में आई थीं। वे 85 वर्ष की थीं और उनके परिवार में पति, एक बेटा और तीन बेटियां हैं।

मिल्खा सिंह के परिवार के प्रवक्ता की ओर से जारी बयान में कहा गया कि हमें आपको यह सूचित करते हुए अत्यंत दुख हो रहा है कि श्रीमती निर्मल मिल्खा सिंह का कोविड-19 के खिलाफ बहादुरी से लड़ने के बाद आज शाम चार बजे निधन हो गया।

उन्होंने बताया कि वे मिल्खा परिवार की रीढ़ की हड्डी की तरह थी। यह दुखद है कि फ्लाइंग सिख मिल्खा सिंह जी आज शाम ही हुए दाह संस्कार में शामिल नहीं हो सके क्योंकि वे अभी भी आईसीयू (चंडीगढ़ में पीजीआईएमईआर) में हैं। मिल्खा को कोविड-निमोनिया के कारण मोहली के फोर्टिस अस्पताल में भर्ती कराया या था। उसी अस्पताल में दो दिन बाद 26 मई को निर्मल को भी भर्ती कराया गया था।
एक हफ्ते बाद परिवार के अनुरोध पर मिल्खा सिंह को छुट्टी दे दी गई लेकिन निर्मल खतरनाक संक्रमण के कारण अस्पताल में ही रही। घर में स्थिति बिगड़ने के बाद मिल्खा सिंह को यहां के पीजीआईएमईआर की गहन चिकित्सा इकाई (आईसीयू) में भर्ती कराया गया। उनकी स्थिति अभी स्थिर है और इसमें सुधार जारी है। परिवार के प्रवक्ता ने कहा कि निर्मल ने आखिर तक एक बहादुर लड़ाई लड़ी।

उन्होने कहा कि परिवार ने इस संघर्ष के दौरान एकजुटता और प्रार्थना के लिए सभी का आभार व्यक्त किया है, जिसने उन्हें बहादुरी से इसका सामना करने की ताकत दी। पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने निर्मल कौर के निधन पर शोक व्यक्त किया
उन्होंने अपने संदेश में कहा कि मुझे वॉलीबॉल की दिग्गज खिलाड़ियों में से एक के निधन के बारे में जानकर दुख हुआ। उन्होंने देश के लिए कई सम्मान जीत कर हर पंजाबी को गौरवान्वित किया। ऐसी आशंका जताई गई थी मिल्खा सिंह और उनकी पत्नी घर के नौकर से इस बीमारी की चपेट में आए।

निर्मल के बेटे एवं अनुभवी गोल्फर जीव मिल्खासिंह और अमेरिका में चिकित्सक उनकी बेटी मोना मिल्खा सिंह अंतिम संस्कार के दौरान उपस्थित थे। माता-पिता के बीमार होने के बाद जीव और मोना दोनों क्रमश: दुबई और अमेरिका से चंडीगढ़ पहुंचे थे।



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