'15 की उम्र में हम गुल्ली-डंडा’, अमिताभ बच्चन का वैभव को लेकर ट्वीट हर जगह चर्चा में
अभिनय के सुपरस्टार अमिताभ बच्चन ने राजस्थान रॉयल्स के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी की तारीफ करते हुए उन्हें अद्भुत 15 साल का सूर्या बताया। ट्विटर (अब X) पर बच्चन ने लिखा: "
इस उम्र में तो हम बंटों और गुल्ली डंडा भी ठीक से नहीं खेल पा रहे थे!!" वैभव ने आईपीएल 2026 में अपनी शानदार बल्लेबाजी से सभी को हैरान कर दिया है। अमिताभ की तारीफ के बाद सोशल मीडिया पर यह चर्चा छा गई कि इतनी कम उम्र में किसी खिलाड़ी का ऐसा प्रदर्शन कम ही देखने को मिलता है।
15 साल की उम्र में रिकॉर्ड तोड़ता क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी ने इस सीज़न में कई पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। उनके कुछ खास रिकॉर्ड इस प्रकार हैं:
-
सबसे तेज़ 1,000 IPL रन (बॉल्स के हिसाब से) – वैभव ने केवल 440 बॉल्स में 1,000 रन पूरे किए, जबकि पूर्व रिकॉर्ड 545 बॉल्स था (एंड्रे रसेल)।
-
एक सीज़न में सबसे अधिक छक्के – 72 छक्कों के साथ उन्होंने क्रिस गेल का 2012 का रिकॉर्ड तोड़ा (59 छक्के।
-
पावरप्ले में सबसे अधिक रन– पावरप्ले में 521 रन, स्ट्राइक रेट 233.63; इससे पहले डेविड वार्नर का रिकॉर्ड 467 रन था।
-
सबसे तेज़ भारतीय 1,000 IPL रन (इन्निंग्स के हिसाब से)** – 23वें IPL मैच में यह उपलब्धि हासिल की, पहले साई सुधरशन 25 मैच में पहुँच सके थे।
IPL 2026 में वैभव सूर्यवंशी के आंकड़े:
-
16 पारियां
-
776 रन
-
औसत: 48.50
-
स्ट्राइक रेट: 237.31
-
72 छक्के
-
684 रन सिर्फ बाउंड्री से
-
4 प्लेयर ऑफ द मैच अवॉर्ड
-
एलिमिनेटर में 97 (29)
-
क्वालिफायर-2 में 96 (47)
वैभव ने प्लेऑफ़ में भी कमाल किया:
-
क्वालिफ़ायर 2 में 96 रन की धाकड़ पारी खेली।
-
प्लेऑफ़ में 7 छक्के मारे, कुल 19 छक्कों के साथ रिकॉर्ड तोड़ा (पिछला रिकॉर्ड 11 छक्के था)।
-
राजस्थान रॉयल्स के इतिहास में दो 50+ स्कोर वाले तीसरे खिलाड़ी बने (ध्रुव जुरेल और जोस बटलर के बाद)।
क्रिकेट जगत की तारीफें
वैभव की बल्लेबाज़ी की जमकर तारीफ हुई:
सचिन तेंदुलकर ने कहा, "वैभव का बैट स्विंग शानदार है और उनके फ्रंट फुट मूवमेंट ने उन्हें कमाल का खेलने की आज़ादी दी।"
क्रिस गेल ने कहा कि सिर्फ वैभव ही उनका रिकॉर्ड तोड़ सकते थे।
जिस मैच में टीम लड़खड़ाई, वहां अकेले खड़े रहे वैभवगुजरात टाइटंस के खिलाफ क्वालिफायर-2 में राजस्थान की शुरुआत बेहद खराब रही। मोहम्मद सिराज और कगिसो रबाडा की तेज गेंदबाजी के सामने राजस्थान ने जल्दी विकेट गंवा दिए। ऐसे दबाव भरे मुकाबले में वैभव ने शुरुआत में स्ट्रगल किया। कई बार गेंद बल्ले को छूकर निकल गई। लेकिन यही उनकी सबसे बड़ी खूबी है। वह सिर्फ आक्रामक बल्लेबाज नहीं हैं, बल्कि परिस्थिति के अनुसार खुद को ढालना भी जानते हैं।
56 रन तक पहुंचने के दौरान रबाडा की एक तेज गेंद उनके हेलमेट पर भी लगी। लेकिन उसके बाद जैसे उन्होंने गियर बदल दिया। अगली 14 गेंदों में उन्होंने 39 रन ठोक दिए। जब वह 96 रन पर आउट हुए, तब तक राजस्थान का स्कोर सम्मानजनक स्थिति में पहुंच चुका था। लेकिन दूसरे छोर से लगातार विकेट गिरते रहे।
ध्रुव जुरेल, रियान पराग, दासुन शनाका और जोफ्रा आर्चर बड़ी साझेदारी नहीं बना सके। राजस्थान 214 रन तक पहुंचा, लेकिन गुजरात के बल्लेबाजों ने लक्ष्य हासिल कर लिया। स्कोरकार्ड में यह एक हार थी, लेकिन क्रिकेट देखने वालों के लिए यह वैभव सूर्यवंशी का एक और मास्टरक्लास था।
लेखक के बारे में
कृति शर्मा
कृति शर्मा एक पैशनेट स्पोर्ट्स जर्नलिस्ट और डिजीटल कंटेंट क्रिएटर हैं, जिन्हें वेबदुनिया के साथ लगभग 3 साल का अनुभव है। अपने करियर की शुरुआत उन्होंने पॉकेट एफएम में स्क्रिप्ट राइटर के तौर पर की थी। इंदौर के रेनैसां कॉलेज से BAJMC और देवी अहिल्या विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ जर्नलिज्म....
और पढ़ें