मक्का की मस्जिद-ए-हरम में मौजूद जगह के मुताबिक यहाँ एक वक्त में मस्जिद के अंदर करीब 10 लाख लोग एकसाथ नमाज अदा करते हैं। इस दौरान बड़ी तादाद में लोगों को बाहर की तरफ नमाज पढ़नी पड़ती है। यहाँ मस्जिद विस्तारीकरण का काम चल रहा है, जो सन् 2012 तक पूरा होगा। काम पूरा होने के बाद मस्जिद में 30 लाख नमाजियों के लिए माकूल जगह हो जाएगी।
इसी तरह हरम शरीफ के आसपास कई बहुमंजिला भवनों का निर्माण भी किया जा रहा है। इनके तैयार होने के बाद इनमें करीब 50 लाख लोग आसानी से ठहराए जा सकेंगे। निर्माण कार्यों की वजह से हाजियों को हरम शरीफ से करीब आधा किलोमीटर की दूरी पर ठहराया गया है। यहाँ मदीना की तरह बिल्डिंगों में खाना पकाने पर पाबंदी नहीं है। करीब-करीब सभी बिल्डिंगों में गैस कनेक्शन मौजूद हैं।
जहाँ यह सुविधा नहीं है, वहाँ इलेक्ट्रिक सिगड़ी से काम चलाया जा रहा है। हाजियों का यहाँ ज्यादातर वक्त उमरा, घरवालों और अपने सगे संबंधियों के लिए तवाफ करने, नमाजें पढ़ने और मीना, मुजलफा, अराफान आदि स्थानों की जियारत में गुजर रहा है। बदले मौसम ने प्रदेश के कुछ हाजियों को मौसमी बीमारियों में जकड़ लिया है।