- फाल्गुनी चौधरी हम प्रतिदिन तरह-तरह के लोगों से मिलते हैं किंतु कौन ऐसा है, जिसे हम पहली मुलाकात में जान नहीं पाते हैं किंतु यह काम कोई कठिन नहीं है। आजकल वैज्ञानिक हर चीज पर शोध, अध्ययन करते हैं, उनकी इसी अध्ययन की कड़ी में एक शोध किया गया हाथ मिलाने के तरीकों पर। इस शोध के आधार पर निष्कर्ष निकाले गए कि अलग-अलग प्रकार से हाथ मिलाने वाले किस प्रवृत्ति के होते हैं :-
ढीला एवं लापरवाही से हाथ मिलाने वाला व्यक्ति : स्वार्थी होगा, चालक होगा, लापरवाह होगा, सामने वाले व्यक्ति में रुचि नहीं लेगा। वह संकुचित विचारों वाला होगा, शंकालु प्रवृत्ति का होगा। सामने वाले को तुच्छ समझने वाला भी हो सकता है। घमंडी होगा। स्वयं को ज्यादा होशियार समझेगा। जिद्दी एवं तानाशाही प्रवृत्ति का होगा। वह जिस व्यक्ति से संपर्क करेगा, उसमें उसका स्वार्थ रहेगा। कभी ऐसा भी हो सकता है कि हाथ मिलाते समय उसके हाथ में दर्द हो या वह छुआछूत की बीमारी से डरता हो। इसलिए भी वह ढीले तरीके से हाथ मिला सकता है। कुल मिलाकर ऐसे व्यक्तियों में अहं भाव या सुपीरियरीटी कॉम्प्लेक्स ज्यादा पाया जाता है।
सैंडविच (तरीके से) हाथ मिलाने वाला व्यक्ति : ऐसा व्यक्ति अत्यंत धूर्त एवं चालक होगा। कपटी होगा, बाहर से मीठी-मीठी बातें करेगा परंतु अंदर ही अंदर जड़ काटेगा। वह सब कार्यों में माहिर रहेगा। वह किसी भी किस्म के व्यक्ति से बात करके उससे अपना मतलब सिद्ध कर सकता है। अवसरवादी होगा। किसी भी बिजनेस में ऐसे व्यक्ति सफल रहते हैं क्योंकि स्वभाव में लचीलापन होता है। ऐसे लोगों में गजब की शक्ति होती है तथा अपना काम निकालने के लिए ये सभी हथकंडे प्रयोग करके सफल हो जाते हैं। उनमें दूसरों को अपनी ओर आकर्षित करने में महारत होती है। | | प्रतिदिन तरह-तरह के लोगों से मिलते हैं किंतु कौन ऐसा है, जिसे हम पहली मुलाकात में जान नहीं पाते हैं किंतु यह काम कोई कठिन नहीं है। आजकल वैज्ञानिक हर चीज पर शोध, अध्ययन करते हैं, उनकी इसी अध्ययन की कड़ी में एक शोध किया गया हाथ मिलाने के तरीकों पर। |
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हाथ मिलाकर लगातार हाथ हिलाने वाला व्यक्ति : वह बहुत लापरवाह होगा। उसे पता ही नहीं होता है कि आसपास क्या हो रहा है। संसार में क्या हो रहा है, इसकी उसे चिंता ही नहीं होती हैं। वह बहुत सुस्त होता है, दिखने में बड़ा होता है, परंतु बुद्धि छोटे बच्चों के समान रहती है। दिल का साफ होता है, कपटी बिलकुल नहीं होता है। गैर-जिम्मेदार होता है, इसलिए कोई भी जिम्मेदारी का काम उसे देना ठीक नहीं होता है। अदूरदर्शी होगा। उसे आसानी से मूर्ख बनाया जा सकता है। ऐसे लोगों में एक सचाई यह होती है कि जिससे ये हाथ मिलाते हैं, उसके प्रति प्रेम-भाव रखते हैं एवं संवेदनशील होते हैं।
कसकर हाथ मिलाने वाला व्यक्ति : ऐसे व्यक्ति अच्छे होते हैं। सामने वाले को आदर देते हैं। बराबरी का दर्जा देते हैं। आदर देते हैं एवं आदर पाने की आकांक्षा रखते हैं। समझदार होते हैं। भरोसेमंद होते हैं। दूसरों पर भरोसा करते हैं। पूर्ण परिपक्व एवं सभ्य होते हैं।
नीचे हाथ रखकर दूसरे हाथ से कसकर हाथ मिलाने वाले व्यक्ति : ऐसे व्यक्ति अनुशासन रखते हैं एवं अनुशासन चाहते हैं। ऐसे व्यक्ति दूसरों का उनके स्तर या पद के अनुसार सम्मान करते हैं एवं स्वीकार करते हैं। दिल के साफ होते हैं। स्पष्टवादी होते हैं। कर्तव्यशील होते हैं। ईमानदार व वफादार होते हैं। इंसान से इंसान की तरह मिलने वाले होते हैं।
एक हाथ मिलाते हुए दूसरा हाथ सामने वाले के हाथ पर किसी जगह रखने वाला व्यक्ति : मानो कोई व्यक्ति किसी दूसरे से हाथ मिलाता है। हाथ मिलाते समय दूसरा हाथ सामने वाले के हाथ पर जैसे- कलाई, बाजू या कंधे पर रखे तो वह निम्न स्वभाव वाला होगा। यह सामने वाले का हितैषी होगा। सामने वाले की अच्छाई चाहेगा। उसकी खुशी, उसकी उन्नति, उसकी समृद्धि चाहेगा। उसे अच्छा मार्गदर्शन देगा एवं यथाशक्ति मदद करेगा। सामने वाले के सुख-दुख में, हँसी-खुशी में, अच्छे-बुरे में साथ देगा एवं सामने वाले का शुभचिंतक होगा।
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