मुख्य पृष्ठ > खबर-संसार > शेयर बाजार > समाचार
सुझाव/प्रतिक्रियामित्र को भेजियेयह पेज प्रिंट करें
 
शेयर बाजार में एक और 'काला सोमवार'
सेंसेक्स 951 और निफ्टी 243 अंक लुढ़का
देश के शेयर बाजारों के लिए सोमवार एक बार फिर 'काला' साबित हुआ। विश्व भर के शेयर बाजारों में मंदे की आँधी के बीच बम्बई शेयर बाजार (बीएसई) भी उड़ गया। बीएसई के सेंसेक्स में आज इसके इतिहास की दूसरी बड़ी 951 अंक की गिरावट दर्ज की गई। एनएसई का निफ्टी 243 अंक टूटा।

शुक्रवार को अमेरिका के शेयर बाजारों की स्थिति को देखते हुए मंदे का रुख रहने की प्रबल संभावना था। हालाँकि अमेरिका के फैडरल बैंक ने रविवार को आपात कदम के तहत डिस्काउंट रेट में चौथाई प्रतिशत की कटौती की, किंतु वित्तीय बाजारों की वर्तमान स्थिति को देखते हुए कोई भी कदम फिलहाल कारगर होता दिखाई नहीं दे रहा है। एशियाई शेयर बाजारों में आज हांगकांग का हैंगसैंक 5 प्रतिशत, चीन का शंघाई कम्पोजिट 3.6 प्रतिशत और जापान का निक्केई चार प्रतिशत नीचे आए।

देश के शेयर बाजार कारोबार की शुरुआत से ही मंदे की गिरफ्त में थे। सेंसेक्स शुक्रवार के 15760.52 अंक की तुलना में चार सौ अंक से अधिक नीचा 15326.93 अंक पर खुला और इसके बाद बिकवाली के दबाव से यह साँस नहीं ले पाया और करीब साढ़े छह माह बाद पंद्रह हजार से नीचे उतरने के बाद इससे ऊपर नहीं उठ सका।

नीचे में 14738.27 अंक तक गिरने के बाद समाप्ति पर इसकी तुलना में 70 अंक सुधरकर 14809.49 अंक पर बंद हुआ। इसके मुकाबले सेंसेक्स का न्यूनतम स्तर पिछले साल 29 अगस्त को 14993.04 अंक था।

सेंसेक्स में अब तक की सबसे बड़ी गिरावट इसी वर्ष 21 जनवरी को 1408.35 अंक थी। अमेरिका के आवास ऋण क्षेत्र के संकट का यहाँ आईसीआईसीआई बैंक के शेयर पर खासा प्रभाव पड़ता नजर आ रहा है। हालाँकि बैंक ने पिछले दिनों स्पष्ट किया था कि सबप्राइम का प्रत्यक्ष रुप से उसका कोई लेना-देना नहीं है।

इसके बावजूद बैंक के शेयर पर इतना अधिक बिकवाली का दबाव है कि यह अक्टूबर-2006 के बाद के न्यूनतम स्तर 757.40 रुपए का रह गया। आईसीआईसीआई का शेयर सेंसेक्स का सर्वाधिक गिरावट वाला शेयर रहा और इसमें 13.76 प्रतिशत अर्थात 120.80 रुपए का भारी नुकसान हुआ।

सेंसेक्स की तरह ही निफ्टी का हाल था। सत्र की शुरुआत में यह शुक्रवार के 4745.80 अंक की तुलना में 4745.45 अंक पर खुला और इससे ऊपर नहीं उठ सका। नीचे में 4482.10 अंक तक गिरने के बाद कुल 242.70 अंक अर्थात 5.11 प्रतिशत के नुकसान से 4503.10 अंक पर बंद हुआ।

बाजार की नजर अब अमेरिका के केन्द्रीय बैंक फैडरल रिजर्व की कल होने वाली बैठक पर है। इस बैठक में यह अटकलें जोरों पर हैं कि बैंक अमेरिकी अर्थव्यवस्था को मंदी से उबारने के प्रयासों में ब्याज दरों में आधा से .75 प्रतिशत तक कटौती कर सकता है, किंतु विशलेषकों का मानना है कि इससे भी बाजार को बहुत अधिक फायदा नहीं हो सकता है।

बिकवाली का दबाव इतना अधिक था कि बीएसई सेंसेक्स में शामिल तीस की तीस कंपनियों के शेयर टूटे। नुकसान वाली पहली बीस कंपनियों में चार प्रतिशत से लेकर करीब 14 प्रतिशत की गिरावट देखी गई।

बीएसई का रुख पूरी तरह गिरावट को दर्शाने वाला था। कुल 2716 कंपनियों के शेयरों में कामकाज हुआ और महज 10.42 प्रतिशत अर्थात 283 कंपनियों के शेयर ही लाभ में रहे, जबकि 88.44 प्रतिशत अर्थात 2402 कंपनियों के शेयरों ने नुकसान का स्वाद चखा। मात्र 31 कंपनियों के शेयर स्थिर थे।

बीएसई की मझौली और लघु कंपनियों का भी बुरा हाल था। इनके सूचकांकों में क्रमश: 557.27 तथा 522.77 अंक की गिरावट रही।

धातु कंपनियों के सूचकांक में 1119.35 अंक और इंजीनियरिंग वस्तुओं के वर्ग का सूचकांक 873.63 अंक लुढ़का। रियलटी 606.30 अंक, आइल एंड गैस 552.95 अंक, बैंकेक्स 753.93 अंक, ऑटो 209.61 अंक और आईटी 108.84 अंक टूटे।

शेयर बाजारों के मंदे के बीच कच्चे तेल और सोना की पौ-बारह है। कच्चे तेल के भाव करीब 112 डॉलर प्रति बैरल और सोना अंतरराष्ट्रीय बाजार में 1030 डॉलर प्रति ट्राय औंस तक चढ़ चुका है।

सेंसेक्स के नुकसान वाले प्रमुख शेयरों में जयप्रकाश एसोसिएट्स 11.94 प्रतिशत अर्थात 28.20 रुपए घटकर 208.05 रुपए रह गया। एचडीएफसी का शेयर 11.07 प्रतिशत अर्थात 276.95 रुपए के नुकसान से 2225.55 रुपए रह गया।

रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर को 6.08 प्रतिशत का झटका लगा। यह 141.10 रुपए गिरकर 2180.60 रुपए पर बंद हुआ। बैंकिग वर्ग में एसबीआई के शेयर में 1633.40 रुपए पर 4.72 प्रतिशत अर्थात 80.95 रुपए निकल गए। एचडीएफसी बैंक 5.89 प्रतिशत अथवा 77.50 रुपए के नुकसान से 1238.50 रुपए रह गया।

हिंडाल्को इंडस्ट्रीज, रिलायंस एनर्जी, टाटा स्टील, डीएफएल, रिलायंस कम्युनीकेशंस, ग्रासिम इंडस्ट्रीज, रैनबैक्सी लैब, टाटा मोटर्स, भेल, विप्रो, एसीसी, एनटीपीस और मारुति सुजूकी सेंसेक्स के नुकसान वाले पहले बीस शेयरों में शामिल थे।
और भी
सेंसेक्स की दस बड़ी गिरावटें
कार्पोरेट गतिविधियाँ
जिंदल स्टेनलेस, विस्तार व निवेश जारी...
बीएसई-एनएसई समाचार
तकनीकी चौकसी
सेंसेक्स में 400 अंकों की वृद्धि