अशोक चव्हाण ने शनिवार को महाराष्ट्र के 21वें मुख्यमंत्री के रूप में 38 सदस्यीय मंत्रिमंडल के साथ शपथ ग्रहण की। चव्हाण मंत्रिमंडल के शपथ लेने के साथ ही विभागों के बँटवारे के कारण प्रदेश में कांग्रेस-राकांपा गठबंधन सरकार के गठन के एक पखवाड़े से जारी राजनीतिक गतिरोध समाप्त हो गया।
प्रदेश में दो स्तरों वाली सरकार में 27 कैबिनेट मंत्री और 11 राज्यमंत्री शामिल हैं। इसमें 18 मंत्री कांग्रेस और 20 मंत्री शरद पवार के नेतृत्व वाली राकांपा से हैं।
चव्हाण के अलावा उप मुख्यमंत्री के रूप में चयनित छगन भुजबल तथा अन्य मंत्रियों को राज्यपाल एससी जमीर ने राजभवन में पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई।
पिछली सरकार में राज्यमंत्री रहे नसीम खान, सुरेश शेट्टी और हसन मुशरिफ को कैबिनेट मंत्री बनाया गया है, जबकि पूर्व मंत्री आरआर पाटिल, राजेन्द्र दर्डा, लक्ष्मणराव ढोबले, अनिल देशमुख, शिवाजीराव मोघे और जयदत्त क्षीरसागर ने मंत्रिमंडल में वापसी की और इन्हें कैबिनेट मंत्री बनाया गया है।
महाराष्ट्र में पिछली सरकार में कैबिनेट मंत्री रहे विजय सिंह मोहिते पाटिल, स्वरूपसिंह नाइक, दिलीप वाल्से पाटिल, अनीस अहमद, विमल मुंडाडा, चंद्रकांत हांदोरे, नवाब मलिक, विनय कोरे, राजेन्द्र सिंगाने, रविसेठ पाटिल, मदन पाटिल, रमेशचंद्र बांग और दिलीप देशमुख को नए मंत्रिमंडल में शामिल नहीं किया गया है।
मंत्रिमंडल में 11 राज्यमंत्रियों ने शपथ ग्रहण किया, जिसमें दो महिलाएँ शामिल हैं। महिला मंत्रियों में राकांपा की विधान पार्षद फौजिया खान और धारावी से कांग्रेस विधायक वर्षा गायकवाड़ शामिल हैं।
कांग्रेस के रंजीत काम्बले और विजय वाड्डेटीवार के अलावा सभी राज्य मंत्री नए चेहरे हैं। इनमें राकांपा से भास्कर जाधव, प्रकाश सोलंकी, सचिन अहिर, गुलावराव देवकर है जबकि कांग्रेस से पद्माकर वाल्वी, अब्दुल सत्तर, रमेश बाग्वे शामिल हैं।
महाराष्ट्र में नई सरकार के गठन को लेकर कांग्रेस और राकांपा के बीच महत्वपूर्ण विभागों और मंत्रालयों की संख्या पर गहन विचार-विमर्श चल रहा था। (भाषा)