राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी द्वारा महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री पद के लिए नामित किए गए छगन भुजबल ने शुक्रवार को कहा कि पुलिस बल का आधुनिकीकरण करना उनकी पहली प्राथमिकता होगी, ताकि मुंबई आतंकी हमले के बाद सहमे लोगों में विश्वास पैदा हो सके।
आरआर पाटिल के स्थान पर शरद पवार द्वारा अपने नाम की घोषणा के बाद भुजबल ने यहाँ कहा मेरी प्राथमिकता पुलिस को सभी तरह के उपकरणों और सुविधाओं से सुसज्जित करना है, ताकि वह आतंकवादियों और अन्य अपराधियों का मुकाबला कर सके।
महाराष्ट्र में भुजबल अन्य पिछड़े वर्ग के प्रमुख नेता हैं, वे राज्य का गृह विभाग भी संभालेंगे। मुंबई पर हुए दिल दहला देने वाले आतंकवादी हमले के चलते भुजबल ने कहा कि उपमुख्यमंत्री पद के उनके शपथ ग्रहण समारोह में किसी प्रकार का आडंबर या उत्सव नहीं होगा।
गौरतलब है कि राकांपा पहले ही घोषणा कर चुकी है कि 12 दिसंबर को पवार का जन्मदिन भी सादगी के साथ मनाया जाएगा।
61 वर्षीय भुजबल 1999 में पहली बार बनी कांग्रेस-एनसीपी गठबंधन सरकार में उपमुख्यमंत्री बने थे, लेकिन एक विवाद के बाद उन्हें पद छोड़ना पड़ा था।
देशमुख ने मुंबई आतंकी हमलों के बाद अपने पद से इस्तीफा देने की पेशकश की थी। पार्टी ने बुधवार की रात उनके इस्तीफे को स्वीकार कर लिया था। माली समुदाय से आने वाले भुजबल ने तकरीबन 40 वर्ष पहले शिवसेना के कार्यकर्ता के रूप में अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत की थी।
बाद में शिवसेना प्रमुख बाला साहब ठाकरे से मतभेदों के चलते वे शिवसेना छोड़कर 1993 में कांग्रेस में शामिल हो गए। शरद पवार ने जब कांग्रेस छोड़कर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी का गठन किया तो भुजबल इस पार्टी में आ गए। |