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लाइटर जलाने पर दिखती है अश्लील तस्वीर!
बंबई उच्च न्यायालय ने चीन निर्मित लाइटरों को जब्त किए जाने के मामले में हस्तक्षेप करने से इनकार किया है। इस लाइटर को जलाने पर कथित तौर पर अश्लील चित्र नजर आते हैं।

अदालत के आदेश के बाद पुलिस चार करोड़ रुपए के लाइटरों के मालिक के खिलाफ मामला चला सकती है। पुलिस सामाजिक सेवा शाखा ने पिछले साल सितंबर में शकील अहमद नामक व्यक्ति के पास से लाइटर बरामद किया है। इस लाइटर को जलाने पर इसमें अर्धनग्न तस्वीर दिखती है।

अहमद पर भारतीय दंड संहिता की धारा 292 के तहत अश्लील वस्तुएँ बेचने का मामला दर्ज किया गया है। उसे बाद में जमानत पर रिहा कर दिया गया। उसने उच्च न्यायालय का द्वार खटखटाकर माँग की कि उसके खिलाफ प्राथमिकी को रद्द किया जाए और उसका सामान वापस मिलना चाहिए।

यह मामला जब न्यायमूर्ति आरएमएस खांडेपारकर और अमजद सैयद की खंडपीठ के समक्ष आया तो न्यायमूर्ति खांडेपारकर ने कहा कि लाइटर खुद में अश्लील नहीं है।

न्यायमूर्ति सैयद ने इस पर भिन्न मत प्रकट किया इसलिए यह मामला न्यायमूर्ति एसबी मासे और वीके ताहिलरमानी की पीठ को सौंप दिया। पीठ ने कल कहा कि प्रथम दृष्टया पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और इसलिए आपराधिक कार्रवाही में हस्तक्षेप करने की जरूरत नहीं है।
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