मुंबई पुलिस ने महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के अध्यक्ष राज ठाकरे के खिलाफ रैलियाँ, सभाएँ आयोजित करने और बयानबाजी करने पर लगे प्रतिबंध की अवधि सोमवार को आधी रात को समाप्त होने के बाद उसे एक सप्ताह के लिए बढ़ा दिया।
नया नोटिस कल आधी रात के बाद जारी किया गया जिसके अनुसार राज ठाकरे को ऐसा कोई बयान देने से मना किया गया है जिससे शहर और देश की शांति भंग होने का खतरा हो।
पुलिस ने हालाँकि स्पष्ट किया है कि रोक भड़काऊ बयान देने पर है। पुलिस सूत्रों के अनुसार कानून के तहत पुलिस ये आदेश 60 दिन तक बढ़ा सकती है।
इससे पूर्व कल सत्र न्यायाधीश एस एन सरदेसाई ने राज ठाकरे की याचिका खारिज करते हुए उन पर लगाए गए प्रतिबंध को सही करार दिया था।
राज ठाकरे पर यह प्रतिबंध 11 फरवरी को 15 दिन के लिए लगाया गया था जिसमें कहा गया था कि इस दौरान उनका व्यवहार संतोषजनक नहीं पाया गया तो इसे बढ़ाया जा सकता है। उससे पूर्व राज ठाकरे के उत्तर भारतीय विरोधी भड़काऊ बयानों के बाद 3 फरवरी को मुंबई और महाराष्ट्र के विभिन्न हिस्सों में हिंसा भड़क उठी थी जो लगभग एक सप्ताह तक चली। हिंसा के कारण नासिक और पुणे समेत प्रदेश के कई इलाकों से लगभग 75 हजार लोगों के पलायन की भी खबरें हैं।
|