स्वस्थ शरीर और स्वस्थ मस्तिष्क को प्रदेश की प्रगति में सहायक बताते हुए मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश में आगामी शिक्षण सत्र से विद्यालयों में योग शिक्षा की व्यवस्था की जाएगी।
चौहान शनिवार को प्रात: यहाँ तात्या टोपे नगर स्टेडियम में शालेय शिक्षा विभाग द्वारा आयोजित सामूहिक 'सूर्य नमस्कार' एवं 'आओ योग करें हम' कार्यक्रम के अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने स्वयं भी इस अवसर पर बड़ी संख्या में मौजूद विभिन्न विद्यालयों के बच्चों के बीच उनके साथ सूर्य नमस्कार एवं प्राणायाम की संपूर्ण क्रिया में हिस्सा लिया।
चौहान ने योग को भारत की प्राचीन परंपरा बताते हुए कहा कि मनुष्य का पहला सुख निरोगी काया ही है। इस दृष्टि से प्रदेश में योग को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार सभी आवश्यक उपाय लागू करेगी।
उन्होंने कहा कि विद्यालयों में योग की शिक्षा से विद्यार्थी शारीरिक और मानसिक रूप से क्षमतावान बनेंगे। उन्होंने कहा कि शासकीय एवं अशासकीय स्तर पर ऐसे प्रयासों की जरूरत है जिससे योग जीवन का अभिन्न अंग बन जाए। उन्होंने इस अवसर पर युवा दिवस को योग दिवस के रूप में मनाने की घोषणा भी की।
मुख्यमंत्री ने विशाल संख्या में सामूहिक सूर्य नमस्कार करने आए विद्यार्थियों से बातचीत भी की। उन्होंने बच्चों से पूछा कि क्या वे प्रतिदिन योग एवं सूर्य नमस्कार करेंगे। बच्चों ने उत्तर दिया जरूर करेंगे।
|