भारत ने मंगलवार रात कहा कि उसे अपनी क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा करने का पूरा अधिकार है और वह उचित कार्रवाई करेगा क्योंकि वह पाकिस्तान की धरती से हो रहे आतंकवादी हमलों से निपटने को आवश्यक मानता है।
विदेशमंत्री प्रणब मुखर्जी ने एनडीटीवी को दिए गए साक्षात्कार में कहा कि हर संप्रभु देश को अपनी क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा करने और जब वह महसूस करे कि उचित कार्रवाई करना आवश्यक है तो उसके पास उचित कार्रवाई करने का अधिकार है।
पाकिस्तान में आतंकवादी शिविरों पर सैन्य हमले की संभावना से इनकार नहीं करते हुए मुखर्जी ने कहा कि जब भी यह होगा आप जान जाएँगे। कोई भी इसे प्रचारित अथवा इसका विज्ञापन नहीं करता है। मैं सैन्य विकल्प पर कोई टिप्पणी नहीं कर रहा हूँ।
मुखर्जी से पूछा गया था कि क्या वे मुंबई पर हुए आतंकवादी हमले में पाकिस्तान स्थित लश्करे तोइबा के तत्वों का हाथ होने की बात सामने आने के मद्देनजर सैन्य विकल्प का इस्तेमाल किए जाने की संभावना से इनकार करेंगे।
यह पूछे जाने पर कि क्या मुंबई पर आतंकवादी हमला शांति प्रक्रिया के लिए बड़ा झटका है तो मुखर्जी ने कहा कि इसने शांति प्रक्रिया को बाधित किया है। उन्होंने कहा जाहिर-सी बात है कि इसने शांति प्रक्रिया को बाधित किया है। शांति प्रक्रिया को आगे नहीं बढ़ाएँ, इस बात की हमारी कोई मंशा नहीं है।
उन्होंने कहा कि लेकिन निश्चित तौर पर जब लोगों की भावना प्रभावित होती है और ऐसा माहौल पैदा होता है, जो सामान्य तरीके से कामकाज करने के लिए अनुकूल नहीं होता है तो उसका कुछ प्रभाव होता है। |