उड़ीसा और कर्नाटक में ईसाई समुदाय के खिलाफ लगातार जारी हिंसा के परिप्रेक्ष्य में राष्ट्रीय एकता परिषद (एनआईसी) की आगामी 13 अक्टूबर को यहाँ बैठक बुलाई गई है। यह सांप्रदायिकता के हालात से निपटने को लेकर आम सहमति बनाने का परोक्ष तौर पर प्रयास है।
गृह राज्यमंत्री शकील अहमद ने कहा कि यह बैठक प्रधानमंत्री मनमोहनसिंह ने बुलाई है। बैठक में राष्ट्रीय एकता पर प्रभाव डालने वाले सभी मामलों पर विचार किया जाएगा। उड़ीसा के कंधमाल जिले में जारी हिंसा के मद्देनजर प्रदेश की बीजद भाजपा सरकार को बर्खास्त करने की माँगें उठ रही हैं और प्रधानमंत्री ने हाल में ही कहा था कि इस मुद्दे से निपटने के तरीकों और उपायों पर विचार के लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल की विशेष बैठक बुलाई जा सकती है।
गृहमंत्री शिवराज पाटिल ने नवीन पटनायक सरकार को कई परामर्श भेजे हैं कि वह हिंसा को रोकने के लिए कार्रवाई करे। पाटिल द्वारा पटनायक को कड़े शब्दों में पत्र लिखे जाने से कयास लगाए जा रहे हैं कि केंद्र सरकार कोई कठोर कदम उठा सकती है।
केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा कंधमाल के हालात को लेकर शुक्रवार को चिंता जताए जाने के मद्देनजर पाटिल ने मुख्यमंत्री से कारगर कदम उठाने तथा हिंसा प्रभावित जिले में लोगों को सुरक्षा प्रदान करने को कहा। केंद्र के आरोपों के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार हालात पर नियंत्रण के लिए हरसंभव कदम उठा रही है। |