परमाणु ऊर्जा आयोग के प्रमुख अनिल काकोड़कर ने भारत-अमेरिका परमाणु समझौते का एक बार फिर जोरदार समर्थन करते हुए कहा है कि यदि करार नहीं हुआ तो इतिहास हमें कभी माफ नहीं करेगा।
काकोड़कर का यह बयान वाम दलों द्वारा संप्रग सरकार को दी गई चेतावनी के बाद आया। वाम दलों ने शुक्रवार को कहा था कि यदि सरकार परमाणु करार पर आगे बढ़ी तो वे संसद में संप्रग सरकार के खिलाफ मतदान करेंगे।
परमाणु ऊर्जा आयोग प्रमुख ने 'विकासशील भारतीय परमाणु कार्यक्रम:औचित्य और परिप्रेक्ष्य' विषय पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा यह एक अवसर है, जब हम सिद्धांतों से समझौता किए बगैर भविष्य के ऊर्जा सेतु की स्थापना कर सकते हैं।
काकोड़कर ने करार को भविष्य के ऊर्जा सेतु का अत्यधिक प्रभावी और व्यवहार्य रास्ता बताया।
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