पाकिस्तान में नई सरकार बनने के बाद प्रधानमंत्री मनमोहनसिंह ने उम्मीद जताई कि दोनों पड़ोसी देश इतिहास को भुला देंगे और झूठी आशंका तथा संकुचित एजेंडा के बिना तात्कालिक जरूरत को समझते हुए आगे बढ़ेंगे।
सिंह ने कहा कि सीमाएँ जरूरत नहीं बदलतीं। उन्होंने कहा कि भारत और पाकिस्तान को साझी आर्थिक तथा सामाजिक चुनौतियों का सामना करने के लिए साथ साथ काम करना चाहिए।
चिनाब नदी पर एक पुल का उद्घाटन करने के बाद सिंह ने कहा कि मैं नए नेताओं (पाकिस्तान के) द्वारा दिए गए बयानों से खुश हूँ।
उन्होंने कहा कि भारत और पाकिस्तान ने उन सभी मुद्दों पर मित्रवत बातचीत की है, जो जम्मू-कश्मीर की जनता को प्रभावित करते हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि भारत इस्लामाबाद में नवगठित लोकतांत्रिक सरकार के साथ बातचीत को दृढ़ता प्रदान करता रहेगा।
जम्मू-कश्मीर की दो दिवसीय यात्रा पर गए सिंह ने कहा कि मुझे उम्मीद है कि हम (भारत और पाकिस्तान) इतिहास को भुलाने में सक्षम होंगे और हम निर्मूल आशंकाओं तथा संकुचित एजेंडा के बिना तात्कालिक जरूरत को ध्यान में रखकर आगे बढ़ेंगे।
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