उत्तर कोरिया ने शनिवार को अमेरिका के स्वतंत्रता दिवस के मौके पर सात मिसाइलों का परीक्षण कर उसकी अवज्ञा करने का संदेश भेजा।
दक्षिण कोरियाई सेना ने बताया कि उत्तर कोरिया ने अपने दक्षिण-पूर्वी इलाके से सात मिसाइलें जापान सागर की ओर दागी। इन सभी मिसाइलों को कम और मध्यम दूरी का माना जा रहा है। उत्तर कोरिया द्वारा 2006 में अमेरिका के स्वतंत्रता दिवस के मौके पर मिसाइलों का परीक्षण करने के बाद से यह सबसे बड़ा बैलिस्टिक हथियार प्रदर्शन है।
उत्तर कोरिया के इस कार्य को अमेरिका, जापान, दक्षिण कोरिया और अंतरराष्ट्रीय समुदाय के अन्य देशों के खिलाफ सख्त रुख के तौर पर देखा जा रहा है। इन देशों ने उत्तर कोरिया पर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्तावों के जरिये दबाव बनाया है।
रक्षा मंत्रालय की एक प्रवक्ता ने बताया कि उत्तर कोरिया ने शनिवार सुबह तीन मिसाइलों का परीक्षण किया। पहली दो मिसाइलों का परीक्षण स्थानीय समयानुसार सुबह आठ से साढ़े आठ बजे और तीसरी का परीक्षण सुबह पौने 11 बजे किया गया। चौथी दोपहर में और शेष बाद में प्रक्षेपित की गईं।
उन्होंने बताया कि माना जा रहा है कि तीनों मिसाइलों का परीक्षण वोंसन के पूर्वी तट के पास स्थित कित्देरीयोंग आधार से पूर्वी समुद्र में किया गया है। ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ ने एक बयान में कहा कि सेना अमेरिका के साथ एक ठोस सुरक्षा गठबंधन के बलबूते उत्तर कोरिया द्वारा पैदा किए किसी भी खतरे का सामना करने के लिए तैयार है।
एक अज्ञात अधिकारी ने योनहैप समाचार एजेंसी से कहा कि ऐसा माना जा रहा है कि तीनों मिसाइलों की दूरी की क्षमता 400 से 500 किमी के बीच है, जिनसे उत्तर कोरिया दक्षिण कोरिया के किसी भी हिस्से में हमला कर सकता है।
उत्तर कोरिया ने गुरुवार को जापान के समुद्र में कम दूरी की चार मिसाइलों का प्रक्षेपण किया था, जो केवल 120 किमी तक की दूरी तक मार कर सकती थीं। योनहैप ने अधिकारी के हवाले से कहा है कि आज प्रक्षेपित की गई स्कड्स मिसाइलों से हमारे लिए बहुत खतरा पैदा हो गया है क्योंकि वे बहुत दूर तक वार कर सकती हैं।
गुरुवार को हुआ परीक्षण सैन्य अभ्यास का एक भाग माना जा सकता है, लेकिन आज के प्रक्षेपण, जो अमेरिका के स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर हुए हैं, संभवत: राजनीतिक उद्देश्यों के लिए किए गए हैं।
जापान ने भी मिसाइल प्रक्षेपणों की निंदा करते हुए इन्हें गंभीर भड़काऊ कृत्य कहा है। जीजी प्रेस ने देश के मुख्य संसदीय सचिव ताकेयो कावामुरा के हवाले से कहा है कि यह पड़ोसी देशों की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा है, जिसमें हमारा देश भी शामिल है।
कोरिया इंस्टीट्यूट फॉर डिफेंस एनालिसिस के बायेक सेयुंग जू ने कहा कि उत्तर तकनीकी में सुधार लाने और मिसाइल निर्यात को बनाए रखने के लिए प्रतिवर्ष तीन से चार बार मिसाइलों का परीक्षण करेगा।
बायेक ने कहा कि आज के प्रक्षेपण नियमित सैन्य अभ्यास का एक भाग थे, लेकिन 500 किमी की क्षमता वाली स्कड्स का प्रक्षेपण करके उत्तर कोरिया यह प्रदर्शित कर रहा है कि वह किसी भी प्रतिबंध का सामना करते हुए पलटकर वार कर सकता है। |