इसराइली सेना ने रायटर समाचार एजेंसी के कैमरामैन की हत्या के जाँच की घोषणा की है। एक मानवाधिकार निगरानी समूह ने सबूत के आधार पर कहा कि इसराइली टैंक ने उक्त फोटो पत्रकार को या तो असावधानीवश या सुनियोजित ढंग से निशाना बनाया है।
गौरतलब है कि 23 वर्षीय फदेल साना बुधवार को गाजा में अपने संवाद एजेंसी के लिए फोटो लेते हुए मारे गए थे। इस महीने इस घटना के दिन इसराइली सेना और गाजा आतंकवादियों के बीच खूनी संघर्ष चल रहा था।
साना ने मृत्यु से पूर्व अपने कैमरे में उक्त इसराइली टैंक की तस्वीर कैद कर ली थी। उस तस्वीर से यह पता चलता है कि टैक का मुँह साना की ओर था। उस दिन 23 फिलिस्तीनी मारे गए थे।
साना की इस निर्मम हत्या के विरोध में फिलिस्तीनी पत्रकारों ने विरोध प्रदर्शन किया। रामल्लाह के पश्चिमी तट शहर में कल कई पत्रकरों ने जुलूस निकाला। इसराइली सेना ने जाँच की घोषणा की है। इस जाँच की समीक्षा सेना के एडवोकेट जनरल करेंगे।
शनिवार को न्यूयॉर्क स्थित एक मानवाधिकार निगरानी समूह का कहना है कि उन्हें अपनी जाँच से पता चला है कि रायटर के उक्त फोटो पत्रकार पर इसराइली टैंक ने या तो सुनियोजित ढंग से या लापरवाहीवश हमला किया था।
|