वर्तमान युग सचमुच आईटी व बीपीओ का युग ही है। शायद यही वजह है कि एशिया और पूर्वी यूरोप आईटी और बीपीओ सेवाओं की आउटसोर्सिंग के लिए पसंदीदा केंद्रों के तौर पर उभरे हैं। दुनिया के शीर्ष 50 आउटसोर्सिंग शहरों की सूची में एशिया के 19 और पूर्वी और केंद्रीय यूरोप के 12 शहरों के नाम आए हैं। आईटी और बीपीओ सेवाओं के लिए साइबरमीडिया की पत्रिका 'ग्लोबल सर्विसेज' की एक रिपोर्ट में यह बात सामने आई है।
साइबरमीडिया के प्रकाशक प्रदीप गुप्ता के मुताबिक, 'ग्लोबल सर्विसेज का आकलन है कि अगले तीन सालों में ये उभरते हुए शीर्ष 50 शहर आईटी और बीपीओ सेवाओं के ग्लोबल कारोबार का एक बड़ा हिस्सा अपने नाम कर लेंगे।'
शीर्ष 50 की इस सूची में से अगर केवल शीर्ष 15 पर नजर डालें तो सबसे ज्यादा 5 शहर भारत के हैं, जिसके बाद चीन के 3 शहर और वियतनाम के 2 शहर हैं। शीर्ष 3 में तीनों ही स्थान भारतीय शहरों ने हासिल किए हैं, जो चेन्नई, हैदराबाद और पुणे हैं। अन्य दो भारतीय शहरों में कोलकाता पाँचवें और चंडीगढ़ नौवें पायदान पर है।
इस सूची में शामिल चीन के शहरों में शंघाई आठवें, बीजिंग 10वें और शेंझेन 13वें स्थान पर है। वियतनाम की राजधानी हो ची मिन्ह सिटी को छठा और इसके एक अन्य प्रमुख शहर हनोई को 12वाँ स्थान मिला है।
साइबरमीडिया की पत्रिका ग्लोबल सर्विसेज की इस रिपोर्ट में आउटसोर्सिंग के लिए शीर्ष 50 शहरों की सूची निकाली गई है और शीर्ष 15 शहरों का प्रोफाइल (विवरण) दिया गया है। ये ऐसे शहर हैं जिन पर अधिकतर कंपनियाँ पहली नजर में ध्यान नहीं देतीं, लेकिन खास तरह की आईटी और बीपीओ सेवाओं के लिए ये शहर बहुत अनुकूल हैं।
कुछ ऐसे ग्लोबल आउटसोर्सिंग शहर हैं, जो अब स्पष्ट रूप से विजेता हैं। लिहाजा इस रिपोर्ट में ऐसे शीर्ष 5 शहरों का क्रम भी दिया गया है, जो आउटसोर्सिंग के लिए स्पष्ट विकल्प बन चुके हैं। बैंगलूरु, नई दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर), मनीला एनसीआर, मुंबई और डबलिन ऐसे शीर्ष 5 शहर हैं, जिन्होंने अंतरराष्ट्रीय कॉर्पोरेट क्षेत्र को एक दशक से भी ज्यादा समय से अपनी सेवाएँ देकर खुद को आउटसोर्सिंग के प्रमुख शहरों के रूप में स्थापित कर लिया है।
निवेश सलाहकार कंपनी थोलोन्स के सहयोग से तैयार की गई यह रिपोर्ट बताती है कि आईटी और बीपीओ आउटसोर्सिंग सेवाएँ लेने वाली कंपनियाँ स्थान के बारे में फैसला करते समय कामकाजी प्रक्रियाओं व जरूरी काबिलियत वाले लोगों की उपलब्धता और उस खास शहर के खर्चों पर सबसे ज्यादा गौर करती हैं। थोलोन्स के चेयरमैन और सीईओ अविनाश वशिष्ठ का कहना है कि, माँग-आपूर्ति का फर्क बढ़ने के चलते ग्लोबलाइजेशन के नए मॉडलों में दूसरी कतार के नए शहर महत्वपूर्ण भूमिका निभाएँगे।
उभरते हुए शीर्ष 50 शहरों की इस सूची में सबसे ज्यादा 6 शहर भारत के हैं। इसके बाद चीन (5), ब्राजील (3), फिलीपींस (3), संयुक्त राज्य अमेरिका (3), चेकोस्लोवाकिया (2), मेक्सिको (2), पोलैंड (2), रूस (2), ब्रिटेन (2) और वियतनाम (2) का स्थान है। शीर्ष 11 देश आउटसोर्सिंग के शीर्ष 50 शहरों की इस सूची में कुल 32 स्थानों पर काबिज हैं।
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