बाजार विशेषज्ञों के अनुसार भारत में 'क्रिकेट' बहुत बड़ा बाजार है। यहाँ क्रिकेट की दीवानगी की इंतेहा है। भारत में लीग क्रिकेट की शुरुआत से इस बाजार में असीमित संभावनाएँ पैदा हो गई हैं।
क्रिकेट खिलाड़ियों की कमाई का यह आलम है कि उनके प्रत्येक रन और विकेट को धन से तौला जा रहा है। बाजार की संभावनाओं का मतलब सिर्फ खिलाड़ियों की कमाई से ही नहीं होता बल्कि क्रिकेट से जुड़े हर पहलू से होता है।
एक क्रिकेट प्रेमी जो अपने शौक की वजह से इस खेल के बारे में बहुत कुछ जानता है, वह भी इस बाजार में अपनी संभावनाएँ तलाश सकता है। क्रिकेट को करियर के रूप में सिर्फ एक खिलाड़ी की तरह ही नहीं अपनाया जा सकता बल्कि अगर आप खिलाड़ी नहीं हैं तो इस खेल से जुड़ने की अन्य भी रास्ते आप के लिए खुले हैं। आइए, जानते हैं कि अगर आप क्रिकेट का अच्छा ज्ञान रखते हैं तो किस तरह इस खेल में अपना करियर बना सकते हैं।
लेख लिखिए- अंतराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद के कार्यक्रम पर नजर डालें तो पता चलाता है कि साल में ऐसा कोई माह नहीं होता जबकि दुनिया के किसी कोने में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच नहीं चल रहा हो। आप उन पर पूरी नजर रखें और एक क्रिकेट विशेषज्ञ की तरह मैच और खिलाड़ियों पर अपनी विशेष टिप्पणी दें। शुरू में इसे अपने दोस्तों और क्रिकेट की समझ रखने वालों को दिखाएँ फिर इसे स्थानीय समाचार पत्रों में प्रकाशित होने के लिए भेज दें।
इससे न केवल आपकी लेखन शैली विकसित होगी बल्कि आप एक क्रिकेट विशेषज्ञ बनने की राह पर चल पड़ेंगे और हो सकता है कि आप एक सफल क्रिकेट पत्रकार बन जाएँ। इसके अलावा आपका क्रिकेट ज्ञान भी बढ़ेगा। सुकरात ने कहा था 'ज्ञान कभी व्यर्थ नहीं जाता' और आने वाले समय में क्रिकेट ज्ञान तो व्यर्थ हो ही नहीं सकता, इसलिए क्रिकेट से जुड़े हर मसले पर अपनी विशेष टिप्पणी अवश्य दें। आप का ये ज्ञान कहीं न कहीं काम आ ही जाएगा।
कमजोरियाँ दूर करें- हर कोई रन, विकेट, पारी और क्रिकेट की अन्य सामान्य टर्म से परिचित है। आप लोगों को कुछ ऐसा बताइए जो वे न जानते हों। पुराने रिकॉर्ड ध्यान में रखिए। हो सकता है कि आप की बहुत सी कमजोरियाँ हों उन्हें दूर करने के लिए सतत प्रयास करें।
अम्पायरिंग- क्रिकेट के नियमों को कंठस्त कर लीजिए और जब क्रिकेट आपका शौक है तो इससमें कोई मुश्किल नहीं है। अपने राज्य के क्रिकेट संघ से अंपायरिंग की परीक्षा के लिए संपर्क करें और इसमें बारे में पूरी जानकारी लें। अंपायरिंग की परीक्षा के लिए आप इंटरनेट पर समय बिताएँ।
कमेंट्री- सूचना और प्रसारण मंत्रालय की रिपोर्ट के अनुसार आने वाले तीन वर्षों में भारत में लगभग 40 नए खेल चैनल शुरू होंगे। इन चैनलों को हिन्दी कमेंटेटर, क्रिकेट विशेषज्ञ से लेकर क्रिकेट संवाददाता तक की जरूरत होगी। जबरदस्त प्रतियोगिता के युग में आप अपने ज्ञान के दम पर सबसे आगे होंगे।
तो देर किस बात की, अपने क्रिकेट ज्ञान को निखारिए और क्रिकेट में बनाइए अपना करियर।
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