मुख पृष्ठ > खबर-संसार > व्यापार > समाचार > नागर विमानन का आवंटन बढ़ा
सुझाव/प्रतिक्रियामित्र को भेजिएयह पेज प्रिंट करें
 
नागर विमानन का आवंटन बढ़ा
देश में नागर विमानन ढाँचे का तेज विस्तार करने के लिए सरकार ने नागर विमानन मंत्रालय के लिए बजट आवंटन बढ़ाकर करीब 12165 करोड़ रुपए कर दिया।

फ्रिंज बेनिफिट टैक्स (एफबीटी) खत्म करने के बजट प्रस्ताव से विमानन कंपनियों को महत्वपूर्ण खर्चे में बचत करने में मदद मिलेगी, क्योंकि विमानन कंपनियाँ अपने केबिन क्रू एवं कॉकपिट क्रू को होटल में ठहराने पर हुए खर्च पर इस कर की अदायगी करती हैं।

वर्ष 2008-09 के लिए नागर विमानन मंत्रालय को बजट आवंटन 10,031 करोड़ रुपए और संशोधित आवंटन 7490.06 करोड़ रुपए था। इसमें से भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (एएआई) को कोलकाता और चेन्नई के बड़े हवाईअड्डों और अन्य 35 गैरमेट्रो हवाईअड्डों के आधुनिकीकरण के लिए दिया गया है।

एएआई को 20 करोड़ रुपए का बजटीय आवंटन पूर्वोत्तर में हवाईअड्डों के विकास के लिए, जबकि शेष 79.15 करोड़ रुपए जम्मू, श्रीनगर और अगट्टी जैसे महत्वपूर्ण स्थलों पर हवाईअड्डे विकसित करने लिए दिया गया है।

नागर विमानन महानिदेशालय को 50 करोड़ रुपए का बजटीय आवंटन किया गया है, जबकि ब्यूरो ऑफ सिविल एविएशन सिक्यूरिटी को 14 करोड़ रुपए आवंटित किया गया है।
संबंधित जानकारी खोजें
और भी
ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन को 2057 करोड़
मिश्रित पेट्रो-डीजल उत्पाद शुल्क मुक्त
आयकर छूट सीमा में मामूली बढ़त
एफबीटी हटाने का स्वागत, मैट पर अफसोस
शैक्षिक ऋण पर पूर्ण ब्याज सब्सिडी
उधारी पर ज्यादा निर्भर रहेगी सरकार