आजादी के 60 बरस
आजादी के 60 वर्ष। एक स्‍वतंत्र-आत्‍मनिर्भर लोकतंत्र के 60 वर्ष। आजाद वतन की आजाद हवाओं में साँस लेने के 60 वर्ष। उपलब्धियों और विसंगतियों के, सुख और दुख के 60 वर्ष। उन्‍नति के शिखर के साथ युद्ध और आपदाओं की त्रासदी के 60 वर्ष। यह चेहरा है गुजरे साठ दशकों में हमारे मुल्‍क का, जिस पर हमें गर्व है। इस वर्ष हम अपनी आजादी के साठ वर्ष पूरे कर रहे हैं। पीछे मुड़कर देखें तो भारत के गुलिस्ताँ में कुछ नए फूल खिले तो कुछ मुरझाए भी। इन साठ वर्षों की यात्रा और देश की प्रमुख घटनाओं पर एक नजर: