समूचे ब्रिटेन को पिछले १८ वर्षों में अब तक के सबसे खतरनाक बर्फीले तूफान का सामना करना पड़ रहा है। प्रकृति के इस कहर का सबसे ज्यादा असर यातायात व्यवस्था पर हुआ है, इस कारण सड़कों पर वाहन ठहर गए हैं, ट्रेनें रोक दी गई हैं और हवाई जहाज विमानतलों पर ही खड़े हैं। सैकड़ों स्कूलों में छुट्टी घोषित कर दी गई है।सरकारी अधिकारियों ने बताया कि ऐसा बर्फीला तूफान देश की युवा पीढ़ी पहली बार देख रही है। लंदन की सभी बस सेवाएँ और दर्जनों ट्रेनें रद्द कर दी गई हैं। हीथ्रो विमानतल सहित देश के कुछ अन्य विमानतलों को अस्थायी रूप से बंद घोषित कर दिया गया है। लगभग पूरे ब्रिटेन में बर्फबारी से आम जनता को सबसे ज्यादा परेशानी हो रही है। सरकार ने सड़कों से बर्फ हटाने के लिए सेना और आधुनिक मशीनों की सहायता ली है।फ्रांस की ओर बढ़ रहा तूफान :- लंदन स्थित मौसम विभाग की प्रवक्ता हेलन चीवर्स ने बताया कि देश में पिछली बार ऐसा तूफान फरवरी १९९१ में आया था। उत्तरी सागर में उथल-पुथल के कारण बर्फीली फुहारें शुरू हुई हैं। बर्फबारी का यह कहर ब्रिटेन सहित योरप के कई देशों से होता हुआ फ्रांस की ओर बढ़ने लगा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि यह तूफान जल्द ही पूर्वी एंजलिया और उत्तरी ब्रिटेन को भी अपने घेरे में ले लेगा। ठंड के मौसम में यह एक बड़ा परिवर्तन हुआ है।यात्रा रद्द कर दें :- हाईवे एजेंसी के प्रवक्ता ने लोगों से अपील की है कि यदि आपकी यात्रा ज्यादा जरूरी न हो तो कृपा कर उसे रद्द कर दें। एक शहर से दूसरे शहर जाने वाले यात्री अपनी ट्रेन की सूचना हासिल करने का संघर्ष कर रहे हैं। लंदन के दक्षिण और पूर्वी क्षेत्र के वे लोग जो नौकरी पर जाने के लिए ट्रेनों का उपयोग करते हैं, वे खुद को अभागे महसूस कर रहे हैं।असामान्य स्थिति है यह :- सड़क यातायात प्रभारी व वेस्टमिन्स्टर काउंसिल के कैबिनेट सदस्य डेनी चेल्क्ली ने बताया कि स्थिति असामान्य है। लंदन की भूमिगत बस सेवाओं के ११ में से १० मार्ग पूरी तरह बंद कर दिए गए हैं। सड़कों और रनवे पर ४ से १० सेमी तक बर्फ जमा हो गई है। लगातार बर्फबारी के कारण बर्फ हटाने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। |