0

नवग्रहों से जानिए किस फिल्ड में बनेगा आपका करियर...

गुरुवार,फ़रवरी 8, 2018
0
1
ज्योतिष में कुल नौ (9) ग्रहों की गणना की जाती है। इनमें सूर्य, चंद्र, मंगल, बुध, बृहस्पति (गुरु), शुक्र, शनि मुख्य ग्रह ...
1
2
लाल किताब में शत्रु और मित्र कुंडली की स्थिति के अनुसार होते हैं। लाल किताब के अनुसार यहां प्रस्तुत हैं बृहस्पति को शुभ ...
2
3
लाल किताब में शत्रु और मित्र कुंडली की स्थिति के अनुसार होते हैं। लाल किताब के अनुसार यहां प्रस्तुत हैं बुध को शुभ करने ...
3
4
जीवन में हर मनुष्य ग्रह दोष के कारण किस न किसी परेशानी से घिरा रहता है। किंतु क्या आप जानते हैं कि यदि ग्रहों के उपाय ...
4
4
5
बुध सौरमंडल का सबसे छोटा और सूर्य के सबसे निकट स्थित ग्रह है।यह कन्या राशि में उच्च एवं मीन राशि में नीच का होता है। ...
5
6
राहु का अधिदेवता काल और प्रति अधिदेवता सर्प है, जबकि केतु का अधिदेवता चित्रगुप्त एवं प्रति के अधिदेवता ब्रह्माजी है। ...
6
7
प्राचीन ग्रंथों के अनुसार शनिदेव ने शिव भगवान की भक्ति व तपस्या से नवग्रहों में सर्वश्रेष्ठ स्थान प्राप्त किया है। एक ...
7
8
जब राहु ग्रह परेशान कर रहा हो तो जातक को शिवजी की आराधना करनी चाहिए। निम्न 9 उपायों को करने से राहु ग्रह की शांति बहुत ...
8
8
9
लाल किताब में शत्रु और मित्र कुंडली की स्थिति के अनुसार होते हैं। लाल किताब के अनुसार यहां प्रस्तुत हैं मंगल को शुभ ...
9
10
लाल किताब के अनुसार यहां प्रस्तुत हैं चन्द्रमा को शुभ करने के खाने के अनुसार उपाय।
10
11
सिंह राशि का स्वामी सूर्य मेष में उच्च और तुला में नीच का होता है। लाल किताब के अनुसार शुक्र और बुद्ध एक ही जगह हैं, तो ...
11
12
बहुत से लोगों के मन में यह सवाल होगा कि क्या राहु और केतु सच में 2 असुर हैं या कि ये ग्रह हैं? यहां यह कहना होगा कि ...
12
13
कुंडली में राहु का प्रत्येक खाने में अलग-अलग असर होता है। यहां लाल किताब अनुसार प्रत्येक खाने में स्थित राहु के सामान्य ...
13
14
चंद्रमा एक ग्रह है या देवता? यह सवाल पूछा जाना चाहिए। निश्चत ही चंद्रमा धरती का एक ठोस उपग्रह ग्रह है। ग्रहों का धरती ...
14
15
लाल किताब अनुसार प्रत्येक ग्रह हमारे एक रिश्तेदार से जुड़ा हुआ है अर्थात् कुंडली में जो भी ग्रह जहां भी स्थित है तो उस ...
15
16
राहु जब अशुभ फल देता है, तो जातक के हाथों के नाखून झड़ने लगते हैं, शत्रुओं की वृद्धि होने लगती है एवं दिमाग काम नहीं ...
16
17
शनि जब अशुभ फल देने लगता है, तो जातक को घर की परेशानी आती है। शनि अशुभ होने से घर गिरने की स्थिति भी आ सकती है...
17
18
शुक्र जब अशुभ फल देता है, तो जातक का अंगूठा बिना किसी बीमारी के बेकार हो जाता है।
18
19
लाल किताब में दो तरह के मंगल होते हैं। एक मंगल बद और दूरा मंगल नेक। मंगल बद का देवता जिन्न है और नेक के देवता हनुमानजी ...
19