शिवराज सिंह चौहान : प्रोफाइल

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शिवराज सिंह चौहान मध्यप्रदेश के वर्तमान मुख्यमंत्री हैं। वे 29 नवंबर, 2005 को बाबूलाल गौर के स्थान पर राज्य के मुख्यमंत्री बने थे। चौहान राज्य में भारतीय जनता पार्टी के महासचिव और अध्यक्ष भी रह चुके हैं।

वे 1991 से पांच बार विदिशा संसदीय क्षेत्र से भी लोकसभा के लिए चुने जा चुके हैं। फिलहाल वे राज्य विधानसभा में राज्य के सीहोर जिले की बुधनी विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं।

चौहान एक किराड़ राजपूत परिवार के दम्पत‍ि प्रेम सिंह चौहान और सुंदर बाई चौहान के घर 5 मार्च, 1959 को सीहोर जिले के जैत गांव में पैदा हुए थे। उनका कृषकों का परिवार है। 1992 में उनका साधना सिंह से विवाह हुआ था और वे दो बेटों- कार्तिकेय सिंह चौहान और कुणाल सिंह चौहान के पिता हैं। उन्होंने बरकतुल्ला विश्वविद्यालय, भोपाल से दर्शनशास्त्र में स्वर्ण पदक हासिल किया था।
वे छात्र जीवन से ही राजनीति से जुड़े रहे हैं। 1975 में वे मॉडल हायर सेकंडरी स्कूल की स्टूडेंट्‍स यूनियन के अध्यक्ष थे। 1976-77 में आपातकाल के दौरान वे जेल भी गए। वर्ष 1977 से वे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सक्रिय कार्यकर्ता रहे हैं।

चौहान एक लम्बे समय तक पार्टी की छात्र शाखा अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) से भी जुड़े रहे हैं। वे पहली बार राज्य विधानसभा के लिए 1990 में सीहोर जिले की बुधनी विधानसभा सीट से चुने गए थे।
बाद में, वे अगले ही साल विदिशा संसदीय चुनाव क्षेत्र से लोकसभा के लिए पहली बार चुने गए। वे चार बार लोकसभा के लिए चुने गए और वे लोकसभा तथा संसद की कई समितियों में भी रहे। चौहान 2000 से 2003 तक भारतीय जनता युवा मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और भाजपा के राष्ट्रीय सचिव भी रहे।

दिसंबर, 2003 में भाजपा ने विधानसभा चुनावों में अपूर्व सफलता पाई थी और उस समय उन्होंने तत्कालीन मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के खिलाफ चुनाव लड़ा था लेकिन वे राघौगढ़ विधानसभा चुनाव क्षेत्र से चुनाव हार गए थे। जब वे भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष थे तब उन्हें राज्य का मुख्यमंत्री बनाया गया था।
30 नवंबर, 2005 को उन्हें मुख्यमंत्री बनाने का फैसला लिया गया। बाद में, उन्होंने बुधनी विधानसभा के लिए उपचुनाव लड़कर जीता। वर्ष 2008 में शिवराज ने बुधनी सीट को 41 हजार से अधिक मतों से जीता और 12 दिसंबर, 2008 को उन्हें दूसरे कार्यकाल की शपथ दिलाई गई थी। अपने मुख्यमंत्रित्व काल में चौहान ने कई लोकहित कारी कार्यक्रमों की शुरुआत की है जिन्हें राज्य में चलाया जा रहा है।
पेशे से एक किसान चौहान की संगीत में ‍गहरी रुचि है और वे धार्मिक साहित्य पढ़ते हैं, मित्रों के साथ वाद-विवाद में भाग लेते हैं। मनोरम स्थलों की सैर करना, गाने सुनना और फिल्में देखना उनके मनोरंजन के पसंदीदा साधन हैं। उनकी खेलों में भी रुचि है और वे कबड्‍डी, बॉलीवाल और क्रिकेट पसंद करते हैं तथा ग्रामीण क्षेत्रों की ‍बहुत सी खेल संस्थाओं से भी जुड़े हैं।


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